रायपुर। रायपुर नगर निगम क्षेत्र के 22 हजार से अधिक पेंशनरों के लिए जल्द ही पेंशन वितरण व्यवस्था पूरी तरह सुविधाजनक बनने जा रही है। अब बुजुर्ग, दिव्यांग, निराश्रित महिलाएं और अन्य पात्र हितग्राही अपनी मासिक पेंशन लेने के लिए जोन कार्यालय या निर्धारित शिविर की तारीख का इंतजार नहीं करेंगे। नगर निगम 70 वार्डों में बैंक कॉरस्पांडेंट (बीसी) नियुक्त करने जा रहा है, जिसके माध्यम से पेंशनरों को उनके ही वार्ड में पूरे महीने अपनी सुविधा के अनुसार पेंशन मिल सकेगी।
नई व्यवस्था लागू होने के बाद पेंशनरों को किसी तय तारीख या सीमित समय में पेंशन लेने की बाध्यता नहीं रहेगी। वे शासकीय अवकाश छोड़कर महीने के किसी भी कार्य दिवस पर अपने वार्ड के अधिकृत बैंक कॉरस्पांडेंट के पास जाकर पेंशन प्राप्त कर सकेंगे। नगर निगम का उद्देश्य बुजुर्गों, दिव्यांगों और महिलाओं को बिना किसी परेशानी के घर के नजदीक ही पेंशन सुविधा उपलब्ध कराना है।
आईडीबीआई बैंक करेगा नई व्यवस्था का संचालन
नगर निगम से अधिकृत आईडीबीआई बैंक इस पूरी व्यवस्था को संचालित करेगा। बैंक कॉरस्पांडेंट छोटे बैंकिंग केंद्र की तरह काम करेंगे और पेंशन वितरण के अलावा कई अन्य बैंकिंग सुविधाएं भी उपलब्ध कराएंगे। इनके माध्यम से पेंशनरों की केवाईसी, बैंक खाते से राशि निकासी, खाते से संबंधित आवश्यक सेवाएं तथा हर वर्ष आवश्यक लाइफ सर्टिफिकेट बनवाने में भी सहायता दी जाएगी। इससे बुजुर्गों को बैंक शाखाओं के चक्कर लगाने की आवश्यकता काफी हद तक समाप्त हो जाएगी।
हर वार्ड में एक बैंक कॉरस्पांडेंट होगा नियुक्त
सूत्रों के अनुसार नगर निगम के दस जोन के अंतर्गत आने वाले सभी 70 वार्डों में एक-एक बैंक कॉरस्पांडेंट नियुक्त किया जाएगा। इसके लिए प्रत्येक वार्ड के पार्षद से एक नाम मांगा गया है। संबंधित जनप्रतिनिधि की सहमति के बाद बैंक
कॉरस्पांडेंट का चयन किया जाएगा।
नगर निगम मुख्यालय की पेंशन एवं राजस्व शाखा को सूची प्राप्त होने के बाद चयनित व्यक्तियों को निःशुल्क प्रशिक्षण दिया जाएगा। यह प्रशिक्षण नगर निगम मुख्यालय के सभागार में आईडीबीआई बैंक के अधिकारियों तथा निगम के पेंशन एवं राजस्व विभाग के अधिकारियों द्वारा दिया जाएगा, ताकि वे पेंशन वितरण और बैंकिंग सेवाओं का संचालन सुचारु रूप से कर सकें।
शुरुआत में दो विकल्प रहेंगे उपलब्ध
नगर निगम ने स्पष्ट किया है कि नई व्यवस्था लागू होने के बाद प्रारंभिक चरण में पेंशनरों के लिए दोनों विकल्प उपलब्ध रहेंगे। पहला विकल्प पहले की तरह वार्डों में निर्धारित तिथि पर लगने वाले पेंशन वितरण शिविर होंगे, जबकि दूसरा विकल्प बैंक कॉरस्पांडेंट के माध्यम से पूरे महीने सुविधानुसार पेंशन प्राप्त करने का रहेगा। इससे नई व्यवस्था में संक्रमण के दौरान किसी भी हितग्राही को परेशानी नहीं होगी।
सभापति बोले- पेंशनरों की सुविधा सर्वोच्च प्राथमिकता
नगर निगम सभापति सूर्यकांत राठौर ने बताया कि निगम के पेंशनरों को पेंशन वितरण में होने वाली समस्याओं को देखते हुए आईडीबीआई बैंक के अधिकारियों को 70 वार्डों में बैंक कॉरस्पांडेंट के माध्यम से व्यवस्था विकसित करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि प्रत्येक वार्ड के पार्षद से एक-एक नाम मांगा गया है। सूची प्राप्त होने के बाद चयनित लोगों को नगर निगम मुख्यालय में प्रशिक्षण देकर इस कार्य के लिए दक्ष बनाया जाएगा। इस संबंध में सभी जोन अध्यक्षों की बैठक भी आयोजित की जा चुकी है।
उपायुक्त ने बताया- बैंक अधिकारियों से हो चुकी है चर्चा
नगर निगम की राजस्व एवं पेंशन शाखा की उपायुक्त डॉ. अंजलि शर्मा ने बताया कि पेंशन वितरण को अधिक सरल और प्रभावी बनाने के लिए निगम से अधिकृत बैंक के अधिकारियों के साथ विस्तृत चर्चा हो चुकी है। उन्होंने कहा कि चयनित बैंक कॉरस्पांडेंट को प्रशिक्षण देकर पूरी तरह तैयार किया जाएगा। शुरुआत में शिविर और बैंक कॉरस्पांडेंट, दोनों व्यवस्थाएं साथ-साथ संचालित होंगी, जिससे पेंशनरों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होगी।
अब तय तारीख का इंतजार नहीं करना पड़ेगा
वर्तमान व्यवस्था में केंद्र और राज्य शासन की सात विभिन्न पेंशन योजनाओं के लाभार्थियों को प्रत्येक माह निर्धारित तिथि पर दो से तीन दिन तक चलने वाले शिविरों में पेंशन वितरित की जाती है। कई बार पेंशनर निर्धारित दिन किसी कारणवश शिविर में नहीं पहुंच पाते या बाहर होने के कारण पेंशन लेने से वंचित रह जाते हैं। वहीं, यदि शिविर की तिथि शासकीय अवकाश के कारण बदल जाए तो इसकी जानकारी समय पर नहीं मिल पाती। ऐसे में कई पेंशनरों को जोन कार्यालय, पार्षद कार्यालय या नगर निगम मुख्यालय के चक्कर लगाने पड़ते हैं। नई व्यवस्था लागू होने के बाद यह समस्या समाप्त हो जाएगी। पेंशनर पूरे महीने अपनी सुविधा के अनुसार किसी भी कार्य दिवस पर अपने वार्ड में मौजूद अधिकृत बैंक कॉरस्पांडेंट के पास जाकर पेंशन प्राप्त कर सकेंगे।
बुजुर्गों और दिव्यांगों को मिलेगा सबसे अधिक लाभ
नगर निगम की यह पहल विशेष रूप से उन बुजुर्गों, दिव्यांगजनों और निराश्रित महिलाओं के लिए राहत लेकर आएगी, जिन्हें लंबी दूरी तय कर पेंशन लेने में कठिनाई होती थी। वार्ड स्तर पर बैंकिंग सुविधा उपलब्ध होने से समय की बचत होगी, भीड़ कम होगी और पेंशन वितरण प्रक्रिया अधिक पारदर्शी एवं सुगम बनेगी। नगर निगम का मानना है कि नई व्यवस्था लागू होने के बाद शहर के 22 हजार से अधिक पेंशनरों को समय पर, सुरक्षित और सुविधाजनक तरीके से पेंशन उपलब्ध कराई जा सकेगी, जिससे सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ और अधिक प्रभावी ढंग से पात्र हितग्राहियों तक पहुंचेगा।


















