ब्रेकिंग खबरें

ट्रेंडिंगराष्ट्रीय

अलर्ट! SBI के नाम पर चल रहा बड़ा ऑनलाइन स्कैम, मिनटों में उड़ सकता है पैसा

भारत का सबसे बड़ा बैंक State Bank of India (SBI) अपने करोड़ों ग्राहकों के लिए समय-समय पर सुरक्षा अलर्ट जारी करता रहता है ताकि लोग डिजिटल बैंकिंग के जमाने में फ़्रॉड और साइबर अपराधों से सुरक्षित रह सकें। हाल ही में SBI ने अपनी आधिकारिक X (पहले Twitter) प्रोफ़ाइल @TheOfficialSBI पर एक महत्वपूर्ण चेतावनी जारी की जिसमें उन्होंने बताया कि कुछ स्कैमर्स SBI के नाम और लोगो को इस्तेमाल कर नकली वेबसाइट्स बना रहे हैं। इन फेक वेबसाइट्स का एक ही मकसद है ग्राहकों की बैंकिंग जानकारी और सेंसिटिव डेटा को चुराना।

बैंक ने स्पष्ट किया है कि ये नकली वेबसाइट्स कुछ बेहद असली-सी दिखती हैं, लेकिन वास्तव में इनका कोई भी आधिकारिक SBI से कोई लेना-देना नहीं होता। जिस साइट पर यूजर को बैंकिंग जानकारी, लॉगिन क्रेडेंशियल या OTP डालने को कहा जाता है वह एक फ़िशिंग वेबसाइट होती है, जिसकी मदद से फ्रॉडस्टर्स आपका डेटा चुरा लेते हैं। SBI की चेतावनी का मकसद यही है कि कोई भी ग्राहक बिना पुष्टि किये किसी लिंक पर क्लिक न करे और हमेशा केवल आधिकारिक SBI वेबसाइट (https://bank.sbi/) या मोबाइल ऐप का ही उपयोग करें। इससे आप फर्जी वेबसाइट के जाल में फंसने से बच सकते हैं।

क्यों बनाते हैं स्कैमर Fake Website?

ज़्यादातर फर्जी वेबसाइट्स का मकसद है:

– ग्राहक का यूजरनेम/पासवर्ड/OTP चुरा लेना

– डेटा चोरी करके बैंक खाता से अप्राधिकृत ट्रांसफर करना

– आपकी वित्तीय जानकारी का दुरुपयोग करना

ये फर्जी साइट्स अक्सर SMS/ई-मेल/WhatsApp पर भेजे गए लिंक के रूप में आती हैं, और जल्दी-से-जल्दी क्लिक करवाने के लिये लालच भरी भाषा का इस्तेमाल करते हैं।

ऐसे पहचानें Fake Website

SBI और साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों की सलाह के अनुसार:

1. हमेशा यूआरएल बार में “**https://bank.sbi/**” जैसी वैध address देखें।

2. कोई भी बैंक कभी भी SMS/WhatsApp पर पासवर्ड या OTP न माँगे।

3. संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करें, खासकर अगर वह शॉर्टन किए लिंक जैसा दिखता हो।

4. अटैचमेंट/अप्लिकेशन को डाउनलोड न करें जब तक उसके स्रोत की पुष्टि न हो।

अगर आपने गलती से क्लिक कर दिया?

यदि आपसे गलती से कोई संदिग्ध वेबसाइट खोला गया है या आपको लगता है कि आपने कोई संवेदनशील जानकारी डाली है, तो तुरंत करें: अपने पासवर्ड और MPIN तुरंत बदल दें। अपनी बैंक को इस बारे में फोन या ऐप के जरिये रिपोर्ट करें। यदि आपको अकाउंट में अनपेक्षित लेनदेन दिखे तो तुरंत चाइल्ड हेल्पलाइन/शाखा से संपर्क करें। साइबर क्राइम पोर्टल पर शिकायत दर्ज करें।

What's your reaction?

Related Posts