रायपुर। रेलवे जोन की पहली वंदे भारत ट्रेन बिलासपुर-नागपुर-बिलासपुर के चलने के साथ ही उक्त ट्रेन को कई और रूट में चलाने की मांग तेज हो गई है। इसमें बिलासपुर-हावड़ा के बीच वंदे भारत की मांग उठी। तो रेल मंडल के अधिकारियों ने उसका प्रस्ताव बनाकर रेलवे बोर्ड को भेजने की बात कही थी। लेकिन सूचना के अधिकार के तहत मिली जानकारी में उक्त रूट में वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन चलाने का किसी तरह का प्रस्ताव नहीं भेजने की जानकारी दी गई है। इससे यात्रियों को झटका लगा है। देश में सर्वाधिक माल लदान करने वाले दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे में यात्री ट्रेनों को लेकर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। इसके लिए अलग-अलग संगठनों के साथ सांसदों द्वारा कई नई ट्रेन चलाने का प्रस्ताव जोन को भेजा गया है। लेकिन उसको आगे नहीं भेजा जा रहा है।
इसमें बिलासपुर- हावड़ा- बिलासपुर के बीच वंदे भारत एक्सप्रेस की चलाने की मांग उठी थी। इसको ध्यान रखते हुए बिलासपुर रेल मण्डल के अधिकारियों ने बिलासपुर से हावड़ा के बीच वंदे भारत ट्रेन चलाने का प्रस्ताव भेजने की बात कहीं थी। लेकिन ऐसा नहीं हुआ है। दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे द्वारा सूचना के अधिकार के तहत दी गई जानकारी में यह स्पष्ट हुआ है कि बिलासपुर से टाटानगर और हावड़ा के बीच वंदे भारत एक्सप्रेस चलाने के लिए रेलवे बोर्ड को अब तक कोई प्रस्ताव नहीं भेजा गया है। पेंड्रा निवासी उदय भारती द्वारा आरटीई के तहत यह पूछा गया था कि क्या बिलासपुर-टाटानगर-हावड़ा के बीच वंदे भारत एक्सप्रेस शुरू करने के लिए कोई प्रस्ताव रेलवे बोर्ड को भेजा गया है। साथ ही प्रस्ताव की स्थिति और संभावित शुरूआत की तारीख की जानकारी भी मांगी गई थी। इस पर दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के कार्यालय ने जवाब दिया कि उपलब्ध रिकॉर्ड के अनुसार रेलवे बोर्ड को इस संबंध में कोई प्रस्ताव नहीं भेजा गया है। यानी फिलहाल इस रूट पर वंदे भारत ट्रेन शुरू करने की दिशा में कोई आधिकारिक प्रक्रिया शुरू नहीं हुई है। इस खुलासे के बाद क्षेत्र के यात्रियों की उम्मीदों को झटका लग सकता है, जो लंबे समय से इस रूट पर वंदे भारत ट्रेन शुरू होने की मांग कर रहे थे।
निजामुद्दीन तक वंदे भारत स्लीपर की भी मांग
बिलासपुर से कटनी होकर निजामुद्दीन तक वंदे भारत स्लीपर ट्रेन चलाने की मांग भी जोन में जोर शोर से हो रही है। देश में वंदे भारत स्लीपर ट्रेन शुरू हो चुकी है। नई दिल्ली तक फास्ट ट्रेन के नाम पर अभी केवल राजधानी एक्सप्रेस और गोंडवाना एक्सप्रेस चल रही है, ये ट्रेनें करीब 18-19 घंटे का समय लेती हैं। वंदे भारत के शुरू होने से सफर के समय में करीब तीन- चार घंटे की बचत हो सकती है।



















