CBSE की ‘ऑन-स्क्रीन मार्किंग’ (OSM) प्रणाली से प्रभावित छात्रों के मामले के बाद सीबीएसई चेयरमैन राहुल सिंह का ट्रांसफर कर दिया गया है. साथ ही केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) के वर्तमान सचिव (Secretary) हिमांशु गुप्ता (IAS) को भी हटा दिया गया है. साथ ही साथ सरकार ने OSM में गड़बड़ियों की जांच के लिए एक कमेटी का गठन भी कर दिया है.
हटाए गए अधिकारी IAS राहुल सिंह बोर्ड की समग्र कार्य प्रणाली और परीक्षा सुधारों की जिम्मेदारी संभाल रहे थे. जबकि जबकि सचिव हिमांशु गुप्ता, IAS, प्रशासन, वित्त और संबद्धता (Affiliations) से जुड़े मामलों की देखरेख कर रहे थे. फिलहाल सरकार के इस एक्शन से हड़कंप मचा हुआ है. कहा जा रहा है कि संसदीय समिति की बैठक के बाद सरकार को इस पूरे मामले से अवगत कराया गया. जिसके बाद सरकार की तरफ से ये एक्शन लिया गया है.

जांच कमेटी का गठन, एक माह के अंदर देनी होगी रिपोर्ट
कैबिनेट सचिवालय ने CBSE की ‘ऑन-स्क्रीन मार्किंग प्रणाली’ के लिए सेवाओं की खरीद की जांच के लिए एक-सदस्यीय कमेटी का भी गठन किया. कहा जा रहा है कि एक माह के भीतर इस कमेटी को रिपोर्ट पेश करनी होगी. इस कमेटी की अध्यक्षता क्षमता निर्माण आयोग (Capacity Building Commission – CBC) की अध्यक्ष एस. राधा चौहान करेंगी.
इस पैनल को आवश्यकता पड़ने पर अन्य विभागों के अधिकारियों से सहायता लेने की अनुमति दी गई है. CBC इस समिति को सचिवीय सहायता कैपेसिटी बिल्डिंग कमेटी द्वारा उपलब्ध कराई जाएगी. कमेटी से कहा गया है कि वह अपनी रिपोर्ट एक माह के भीतर ‘कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग’ को सौंप दे.
सार्थक सिद्धांत ने प्रजेंटेशन में उठाए कई सवाल
इससे पहले आज ही ऑन-स्क्रीन मार्किंग (OSM) प्रणाली से प्रभावित छात्रों में से एक 17 वर्षीय सार्थक सिद्धांत को शिक्षा मामलों की संसदीय समिति के सामने पेश हुए. इस दौरान सिद्धांत ने COEMPT कंपनी को कथित टेंडर देने के मामले की खामियों को उजागर करते हुए प्रजंटेशन दी. सूत्रों के मुताबिक, समिति की बैठक में सार्थक ने अपने प्रजेंटेशन में कई सवाल उठाए.
क्या है पूरा मामला?
बता दें कि पिछले दिनों से सीबीएसई की ऑन-स्क्रीन मार्किंग प्रणाली, मूल्यांकन प्रक्रिया और ओएसएम टेंडर प्रक्रिया को लेकर कई सवाल उठे थे. इसी बीच छात्रों और विभिन्न संगठनों ने भी पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग की थी. अब सरकार के इस फैसले को सीबीएसई मामलों में जवाबदेही तय करने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है.



















