छत्तीसगढ़ में एक बार फिर ‘लाल आतंक’ के खिलाफ सुरक्षाबलों को बड़ी सफलता मिली है. बड़ी संख्या में नक्सली हथियार छोड़कर मुख्यधारा में लौट रहे हैं. इस कड़ी में एक बार फिर 5 फरवरी को नक्सलियों ने सरेंडर किया है. बीजापुर में DVCM और ACM समेत 12 नक्सलियों ने हथियारों के साथ आत्मसमर्पण किया है.
मलकानगिरी पुलिस को नक्सल उन्मूलन अभियान में एक बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। छत्तीसगढ़ नक्सल संगठन का एक हार्ड-कोर माओवादी आज हथियारों के साथ मलकानगिरी पुलिस अधीक्षक के समक्ष सरेंडर कर गया। सरेंडर करने वाले माओवादी की पहचान शुक्राम मड़कम के रूप में हुई है, जो कांगेरघाटी एरिया कमेटी का सक्रिय सदस्य था। उसके सिर पर शासन द्वारा 21 लाख रुपये का इनाम घोषित था।
पुलिस के अनुसार, सरेंडर के दौरान शुक्राम मड़कम ने संगठन में उपयोग होने वाली एक मॉडर्न SLR बंदूक, 12 ज़िंदा कारतूस, दो लैंडमाइन, कोडेक्स वायर, इलेक्ट्रिक वायर, दवाइयाँ, नक्सली वर्दी तथा प्रोपेगैंडा पर्चे पुलिस को सौंपे।
बताया गया है कि शुक्राम मड़कम छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले और ओडिशा के मलकानगिरी जिले के मथली थाना क्षेत्र के दलदली और सीमावर्ती इलाकों में हुई कई हिंसक नक्सली घटनाओं में शामिल रहा है।



















