रायपुर: सेंट्रल जीएसटी की टीम 40 दिन में 3357 करोड़ रुपए का राजस्व वसूली का लक्ष्य पूरा करने में जुटी हुई है. इसके लिए लगातार सर्वे, छापेमारी के साथ ही कारोबारियों को बकाया टैक्स जमा करने नोटिस जारी किया जा रहा है. ताकि वित्तीय वर्ष 2023-24 में 16149 करोड़ रुपए के टारगेट को पूरा किया जा सकें. वित्तीय वर्ष 1 अप्रैल 2023 से 31 जनवरी 2024 के दौरान पिछले 10 महीने में विभाग को 12792 करोड़ रुपए मिल चुके हैं.
जबकि इसी अवधि में 11280 करोड़ रुपए मिले थे. यह राशि पिछले साल 2022 की अपेक्षा 13.40 फीसदी अधिक है. लेकिन, अब भी यह राशि निर्धारित लक्ष्य से 3357 करोड़ रुपए कम है. इसे अवकाश अवधि को छोड़कर 40 दिन में पूरा करने की योजना बनाई गई है. इसके लिए विभागीय अमला राजस्व वसूली में जुटा हुआ है. प्रतिमाह औसतन 1279 करोड़ रुपए का टैक्स मिला है. विभागीय अधिकारियों ने हर महीने हो रहे ग्रोथ को देखते हुए 2023-24 में लक्ष्य से ज्यादा टैक्स मिलने की उम्मीद जताई है.
सर्वे और छापे की कार्रवाई:
निर्धारित लक्ष्य को पूरा करने के लिए टैक्स चोरी करने वाले कारोबारियों के ठिकानों में लगातार सर्वे किया जा रहा है. प्रदेश के 25 से ज्यादा कारोवारियों के ठिकानों में महीनेभर में सर्वे किया जा चुका है.
वहीं प्रिवेंशन टीम द्वारा भी लगातार जांच की जा रही है. सेंट्रल जीएसटी के आयुक्त अबु सामा ने बताया कि वित्तीय वर्ष के दौरान जनवरी से लेकर मार्च तक विभाग को सर्वाधिक टैक्स मिलता है. इस समय पिछले साल की अपेक्षा 11512 करोड़ रुपए का ज्यादा टैक्स कलेक्शन हुआ है. इसे देखते हुए लक्ष्य से ज्यादा टैक्स मिलने की संभावना है.



















