रायपुर. यदि आप रेलवे स्टेशन जा रहे हैं तो ट्रेन आने के आधे घंटे पहले स्टेशन पहुंच जाएं, क्योकि रायपुर रेलवे स्टेशन में आए दिन जाम की स्थिति बनी होती है। कई बार स्थिति ऐसी होती है कि यात्री की ट्रेन निकलने वाली होती है और स्टेशन परिसर में जाम लगा होता है। इसके कारण ट्रेन छूट जाती है। इसका सबसे बड़ा कारण रेलवे स्टेशन में ऑटो चालकों का कब्जा और नो-पार्किंग में खड़ी रहने वाली गाड़ियों का है। इसपर अब लगातार आरपीएफ द्वारा कार्रवाई की जा रही है। इसके कारण कुछ समय तक गाड़ियां परिसर के बाहर व नो-पार्किंग में खड़ी नहीं होती, लेकिन बाद में हालत जस की तस हो जाते है।
स्टेशन से प्लेटफॉर्म तक पहुचंने में लगते हैं 15 मिनट
किसी यात्री को ट्रेन से सफर करना है तो उसे स्टेशन परिसर में घुसने में ही 5 से 10 मिनट का समय लग जाता है। सबसे ज्यादा समस्या यात्रियों को ऑटो और फोर व्हीलर गाडियों में आने से होता है। रायपुर रेलवे स्टेशन से प्रतिदिन करीब 80 हजार यात्री सफर करते हैं, लेकिन व्यवस्था सही नहीं होने की वजह से यहां आए दिन जाम लगा रहता है। यदि कोई यात्री परिसर के अंदर एंट्री करता है तो उसे स्टेशन के सामने पहुंचने में ही करीब 10 मिनट का समय लग जाता है। क्योंकि यहां गाड़ियों का रेला और जगह-जगह नो-पार्किंग में गाड़ियां खड़ी होती हैं। इतना ही नहीं, सवारी उतने के बाद भी ऑटो चालक गाड़ी भी नहीं हटाते हैं। अन्य सवारी के इंतजार में स्टेशन के सामने ही खड़े रहते हैं।
1150 ऑटो चालकों पर 5 लाख रुपए का जुर्माना
आरपीएफ से मिली जानकारी के अनुसार, पिछले 6 माह में 1150 ऑटो व गाड़ी चालकों के ऊपर कार्रवाई की गई है। लगातार नो-पार्किंग में खड़े ऑटो चालकों पर कार्रवाई की जा रही है। इनपर कार्रवाई कर न्यायालय की ओर से कम से कम 500 रुपए तक का जुर्माना लगाया जाता है। इस हिसाब से 1150 चालकों पर लगभग 5 लाख 75 हजार रुपए का जुर्माना लगाया गया है।



















