Venezuela Earthquake: वेनेजुएला में प्रकृति का खौफनाक कहर देखने को मिला है। देश में बैक-टू-बैक आए दो बेहद शक्तिशाली भूकंपों ने भारी तबाही मचाई है। राजधानी काराकास समेत कई इलाकों में बहुमंजिला इमारतें ताश के पत्तों की तरह ढह गईं। हालात की गंभीरता को देखते हुए कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज ने देश में आपातकाल का ऐलान कर दिया है। इसी बीच, एशिया में जापान की धरती भी तेज भूकंप से कांप उठी। इस विनाशकारी प्राकृतिक आपदा से जुड़े सभी अहम और ताजा लाइव अपडेट्स के लिए बने रहें लाइव हिंदुस्तान पर।
अमेरिका ने बढ़ाया मदद का हाथ- अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस प्राकृतिक आपदा पर गहरी चिंता जाहिर की है। उन्होंने कहा कि शुरुआती रिपोर्ट्स बिल्कुल अच्छी नहीं हैं और इससे भयानक स्तर पर मौतें हुई हैं। ट्रंप ने ऐलान किया है कि संकट की इस घड़ी में अमेरिका पूरी तरह से वेनेजुएला की मदद करने के लिए तैयार है और सभी अमेरिकी एजेंसियों को तेजी से राहत कार्य में जुटने के निर्देश दे दिए गए हैं।
शिक्षण संस्थानों में छुट्टी- देशभर में हुए भारी नुकसान के बाद वेनेजुएला का मुख्य माइकेतिया एयरपोर्ट पूरी तरह से बंद कर दिया गया है। राष्ट्रपति रोड्रिग्ज ने स्थिति को देखते हुए सभी स्कूलों और कॉलेजों में कक्षाएं रद्द करने के सख्त निर्देश दिए हैं।
1967 जैसी तबाही का डर, सड़कों पर आए हजारों लोग- वेनेजुएला के गृह मंत्री डियोसडाडो काबेलो ने देश को संबोधित करते हुए लोगों से सड़कों और खुले स्थानों पर ही रहने की अपील की है। राजधानी काराकास के लॉस पालोस ग्रांडेस, अल्तामिरा और कारिकुआओ जैसे रिहायशी इलाकों में कई बहुमंजिला इमारतें ताश के पत्तों की तरह ढह गई हैं। इससे पहले वेनेजुएला में इस तरह की आपदा साल 1967 में आई थी। लोग इस भूकंप की तुलना ही 1967 के विनाशकारी भूकंप से कर रहे हैं। 1967 में 29 जुलाई को धरती डोली थी और करीब 300 लोगों की मौत हुई थी। हालांकि अब बहुमंजिला इमारत होने के कारण इस बार मरने वाले लोगों की संख्या ज्यादा है।
वेनेजुएला की राजधानी में तबाही, सुनामी का अलर्ट हटा- वेनेजुएला की राजधानी काराकास का इंटरनेशनल एयरपोर्ट बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है। वैसे अब सुनामी आने का खतरा नहीं है। सरकार ने सुनामी का अलर्ट हटा लिया है। एयरपोर्ट को पूरी तरह बंद कर दिया गया है। देश के कई हिस्सों में बिजली और फोन नेटवर्क ठप हैं। हालांकि, तटीय इलाकों के लिए जारी किया गया सुनामी का अलर्ट अब वापस ले लिया गया है।
तबाही पर PM मोदी ने जताया गहरा दुख, भारत ने बढ़ाया मदद का हाथ- पीएम मोदी ने एक्स पर लिखा- वेनेजुएला में आए जबरदस्त भूकंप से हुई तबाही से मुझे गहरा दुख हुआ है। भारत के लोगों की ओर से, मैं वेनेजुएला की सरकार और वहां के लोगों के प्रति, और खासकर उन परिवारों के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करता हूं जिन्होंने अपने प्रियजनों को खो दिया है। हम घायलों के जल्द ठीक होने की प्रार्थना करते हैं और इस मुश्किल समय में प्रभावित सभी लोगों के साथ एकजुटता से खड़े हैं। भारत हर संभव मदद देने के लिए तैयार है।
हजार से 1 लाख तक मौतों की खौफनाक आशंका: अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (USGS) ने चेतावनी दी है कि इस आपदा का असर बेहद व्यापक है। भारी जानमाल के नुकसान की आशंका जताते हुए USGS ने शुरुआती अनुमान में कहा है कि मृतकों का आंकड़ा 10,000 से लेकर 1,00,000 तक पहुंच सकता है।
चंद सेकंड के अंतर पर आए दो भीषण झटके: USGS के अनुसार, पहला भूकंप 7.1 तीव्रता का था, जिसका केंद्र मोरोन से 168 किमी पश्चिम में 13 किमी की गहराई पर स्थित था। इसके महज कुछ सेकंड (लगभग 40 सेकंड) बाद ही 7.5 तीव्रता का दूसरा और अधिक शक्तिशाली झटका महसूस किया गया। इस दूसरे भूकंप का केंद्र मोरोन से 16 किमी दक्षिण-पश्चिम में 10 किमी की गहराई पर था। प्यूर्टो रिको और वर्जिन आइलैंड्स के लिए शुरुआत में सुनामी का अलर्ट भी जारी किया गया था।
जापान में भी हिली धरती, 6.9 की तीव्रता का भूकंप: वेनेजुएला में आई तबाही के बीच जापान में भी 6.9 तीव्रता के तेज भूकंप के झटके महसूस किए गए। इसका असर आओमोरी प्रान्त के हशिकामा टाउन और आसपास के इलाकों में दिखा। भूकंप का केंद्र इवाते प्रान्त के तट पर स्थित था। जापान की प्रधानमंत्री साने ताकाची ने तुरंत एजेंसियों को निर्देश दिए और नागरिकों से सतर्क रहने की अपील की है। हालांकि, वहां सुनामी को लेकर कोई चेतावनी नहीं है।
मलबे में तब्दील हुईं इमारतें, रेस्क्यू ऑपरेशन जारी- गृह मंत्री डियोसडाडो कैबेलो ने सरकारी टेलीविजन पर जानकारी देते हुए कहा कि कई घर और इमारतें मलबे में बदल चुकी हैं। पूरे देश में उपलब्ध सभी संसाधनों की मदद से सुरक्षा और नागरिक सहायता टीमें बड़े पैमाने पर रेस्क्यू ऑपरेशन चला रही हैं। स्थानीय लोगों के वीडियो और तस्वीरों में भारी तबाही और धूल का गुबार साफ देखा जा सकता है।


















