नई दिल्ली। देश की दो सबसे बड़ी टेलीकॉम कंपनियों Reliance Jio और Bharti Airtel के करोड़ों ग्राहकों के लिए राहत भरी खबर है। फिलहाल दोनों कंपनियों की ओर से मोबाइल रिचार्ज प्लान की कीमतों में किसी नए इजाफे की संभावना नहीं दिख रही है। ऐसे में उपभोक्ताओं को अभी महंगे रिचार्ज का बोझ नहीं उठाना पड़ेगा। पिछले कुछ समय से ऐसी चर्चाएं चल रही थीं कि टेलीकॉम कंपनियां अपने प्रीपेड और पोस्टपेड प्लान की कीमतों में एक बार फिर बढ़ोतरी कर सकती हैं। कई रिपोर्टों में दावा किया गया था कि कुछ लोकप्रिय प्लान 20 से 50 रुपये तक महंगे हो सकते हैं। इससे करोड़ों मोबाइल उपभोक्ताओं के मासिक खर्च पर असर पड़ने की आशंका जताई जा रही थी।
जुलाई 2024 में हुई बड़ी टैरिफ बढ़ोतरी के बाद कई एक्सपर्ट्स का मानना था कि अगले एक-दो साल में कंपनियां फिर से कीमतें बढ़ा सकती हैं। लेकिन अब सामने आई एक नई रिपोर्ट में कहा गया है कि फिलहाल ऐसा होने की संभावना कम नजर आ रही है।
रिपोर्ट के मुताबिक, मौजूदा ग्लोबल प्रॉब्लम और बढ़ती महंगाई की वजह से टेलीकॉम कंपनियां रिचार्ज प्लान महंगे करने से बच सकती हैं। फ्यूल, फूड आइटम्स और लॉजिस्टिक्स की बढ़ती कीमतों का असर पहले से ही आम लोगों की जेब पर पड़ रहा है। ऐसे में यदि मोबाइल प्लान भी महंगे किए जाते हैं तो ग्राहकों पर अतिरिक्त बोझ बढ़ सकता है। हालांकि एक्सपर्ट्स अब भी मानते हैं कि भविष्य में टैरिफ बढ़ोतरी होगी और अगले दौर में मोबाइल प्लान करीब 15 प्रतिशत तक महंगे हो सकते हैं।
28 दिन वाले प्लान में 50 रुपये तक बढ़ सकता है खर्च
टेलिकॉम टॉक की रिपोर्ट के अनुसार यदि 15 प्रतिशत की बढ़ोतरी होती है तो 28 दिन की वैधता वाले पॉपुलर प्रीपेड प्लान की कीमत करीब 50 रुपये तक बढ़ सकती है। आज जिन प्लान्स में रोजाना 1.5GB डेटा मिलता है, उनकी कीमत में सबसे ज्यादा बदलाव देखने को मिल सकता है। इससे करोड़ों मोबाइल यूजर्स का महीने का खर्च बढ़ जाएगा। भविष्य में होने वाली टैरिफ बढ़ोतरी का असर सिर्फ 4G प्लान पर ही नहीं बल्कि 5G सेवाओं पर भी पड़ सकता है।
जुलाई 2024 में हुई थी बड़ी बढ़ोतरी
देश की प्रमुख टेलीकॉम कंपनियों ने जुलाई 2024 में अपने मोबाइल प्लान की कीमतों में बड़ी बढ़ोतरी की थी। उस समय लगभग सभी पॉपुलर रिचार्ज प्लान महंगे हुए थे। इसके बाद से यह उम्मीद थी कि कंपनियां अगले दो वर्षों के भीतर फिर से कीमतों में बदलाव कर सकती हैं। एक्सपर्ट्स के मुताबिक अगली बार जब टेलीकॉम कंपनियां कीमतें बढ़ाएंगी तो मोबाइल प्लान करीब 15 प्रतिशत तक महंगे हो सकते हैं। इसका सीधा असर प्रीपेड और पोस्टपेड दोनों ग्राहकों पर पड़ेगा। वहीं अगर कंपनियों की इनकम में बढ़ोतरी नहीं होगी तो वे अगले कुछ महीनों में कीमतें बढ़ाने पर विचार कर सकती हैं।



















