बिलासपुर। देशभर में वंदे भारत स्लीपर ट्रेनों के संचालन की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। रेलवे शुरुआती चरण में किन रूटों पर इन ट्रेनों को चलाएगा, इस पर मंथन कर रहा है। इसी बीच बिलासपुर से नई दिल्ली के बीच वंदे भारत स्लीपर ट्रेन शुरू करने की मांग भी तेज हो गई है। हालांकि, रेलवे ने अब तक इस रूट पर कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की है, लेकिन यात्रियों की बढ़ती संख्या और लगातार लंबी वेटिंग के कारण इस कॉरिडोर को संभावित दावेदार माना जा रहा है।
दिल्ली जाने वाली ट्रेनों में सालभर रहती है वेटिंग
दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के मुख्यालय बिलासपुर से नई दिल्ली के बीच चलने वाली राजधानी एक्सप्रेस, संपर्क क्रांति एक्सप्रेस, छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस और अन्य प्रमुख ट्रेनों में अधिकांश समय लंबी वेटिंग रहती है। त्योहारों, छुट्टियों और प्रतियोगी परीक्षाओं के दौरान तत्काल टिकट मिलना भी मुश्किल हो जाता है। ऐसे में यात्रियों को निजी बसों या महंगी हवाई यात्रा का विकल्प चुनना पड़ता है।
लंबी दूरी के लिए उपयुक्त है वंदे भारत स्लीपर
बिलासपुर और नई दिल्ली के बीच करीब 1,200 किलोमीटर से अधिक की दूरी है। प्रतिदिन हजारों यात्री इस रूट पर सफर करते हैं। वंदे भारत स्लीपर विशेष रूप से लंबी दूरी की रात्रिकालीन यात्रा को ध्यान में रखकर विकसित की गई है। इसके शुरू होने से यात्रियों को तेज, सुरक्षित और अधिक आरामदायक सफर का विकल्प मिलेगा। अनुमान है कि यात्रा समय मौजूदा ट्रेनों की तुलना में 2 से 3 घंटे तक कम हो सकता है।
क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था को मिलेगा बढ़ावा
बिलासपुर, कोरबा और रायगढ़ जैसे औद्योगिक क्षेत्रों से बड़ी संख्या में कारोबारी, छात्र, नौकरीपेशा और अन्य यात्री नियमित रूप से दिल्ली एवं उत्तर भारत की यात्रा करते हैं। तेज और सुविधाजनक रेल सेवा शुरू होने से व्यापार, निवेश और रोजगार से जुड़ी गतिविधियों को भी गति मिलने की संभावना है।
रेलवे को भी होगा लाभ
बिलासपुर देश के सबसे महत्वपूर्ण रेल मंडलों में शामिल है और दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे का मुख्यालय भी है। कोयला, बिजली और औद्योगिक गतिविधियों के कारण इस क्षेत्र का रेल यातायात लगातार बढ़ रहा है। बिलासपुर में पहले से वंदे भारत (चेयर कार) का मेंटेनेंस डिपो मौजूद है। ऐसे में स्लीपर संस्करण के संचालन और रखरखाव के लिए अतिरिक्त आधारभूत ढांचे की जरूरत अपेक्षाकृत कम होगी।
मांग को मिल रहा जनप्रतिनिधियों का समर्थन
स्थानीय सांसदों, व्यापारिक संगठनों और सामाजिक संस्थाओं ने भी रेलवे बोर्ड और रेल मंत्रालय से बिलासपुर-नई दिल्ली के बीच वंदे भारत स्लीपर ट्रेन शुरू करने की मांग की है। उनका तर्क है कि यात्रियों की संख्या, औद्योगिक महत्व और मौजूदा ट्रेनों में भारी भीड़ को देखते हुए यह रूट प्रीमियम ट्रेन सेवा के लिए उपयुक्त है।
क्या है मौजूदा स्थिति?
फिलहाल रेल मंत्रालय या भारतीय रेलवे ने बिलासपुर-नई दिल्ली रूट पर वंदे भारत स्लीपर ट्रेन चलाने की कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की है। यह मांग यात्रियों और विभिन्न संगठनों की ओर से लगातार उठाई जा रही है। अंतिम निर्णय रेलवे की परिचालन योजना और स्वीकृति पर निर्भर करेगा।


















