छत्तीसगढ़ बीजेपी की प्रदेश प्रभारी और राष्ट्रीय महासचिव स्मृति ईरानी के रायपुर दौरे का आज दूसरा दिन है। दो दिवसीय दौरे पर रायपुर पहुंचीं स्मृति ईरानी ने सोमवार सुबह से ही पार्टी की संगठनात्मक बैठकों का सिलसिला शुरू कर दिया। राजधानी स्थित बीजेपी कार्यालय कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में सबसे पहले विधायकों के साथ संगठनात्मक बैठक हुई, जो अब समाप्त हो चुकी है।
सूत्रों के मुताबिक, बैठक के दौरान स्मृति ईरानी ने पार्टी विधायकों को दिवाली के मद्देनजर एक खास टास्क दिया। उन्होंने सभी विधायकों से कहा कि वे इस दिवाली अपने-अपने विधानसभा क्षेत्र में जनता के साथ भोजन करें।
दिवाली पर जनता के बीच जाने के निर्देश
सूत्रों के अनुसार, विधायक दल की बैठक में स्मृति ईरानी ने विधायकों को त्योहार के दौरान अपने क्षेत्र के लोगों के साथ जुड़ने पर जोर दिया। उन्होंने सभी विधायकों से दिवाली के अवसर पर जनता के साथ भोजन करने को कहा है। इस पहल के जरिए विधायकों को अपने विधानसभा क्षेत्र के लोगों के साथ समय बिताने और उनसे सीधे संवाद करने का अवसर मिल सकता है। हालांकि, इस निर्देश को लेकर पार्टी की ओर से विस्तृत आधिकारिक जानकारी सामने आना बाकी है।
क्या टास्क दिया ?
उन्होंने कहा कि इस दिवाली सभी विधायक अपने-अपने विधानसभा क्षेत्र में जनता के साथ भोज का आयोजन करें. इस भोज में बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं से लेकर आम जनता को भी बुलाया जाए. स्मृति ने कहा कि भोजन के बहाने जनता और जनप्रतिनिधियों के बीच की दूरी खत्म होगी और सरकार की योजनाएं सीधे लोगों तक पहुंचेंगी.
बताया जा रहा है कि पहले दिन के दौरे में कुछ मंत्रियों को लेकर विधायकों ने नाराजगी जताई थी. जनता से दूरी और कार्यकर्ताओं की अनदेखी की शिकायतें प्रभारी तक पहुंची थीं. इसी को देखते हुए स्मृति ने यह नया फॉर्मूला दिया है.
पहले दिन क्या हुआ था?
पहले दिन कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में 9 घंटे तक मैराथन बैठक चली. प्रदेश महामंत्री, पदाधिकारी, संभाग प्रभारी, जिला प्रभारी, पूर्व सांसद और पूर्व विधायकों के साथ बैठक हुई. इस दौरान स्मृति ईरानी ने 2028 विधानसभा चुनाव को लेकर सवाल पूछा कि सरकार कैसे बनेगी? उन्होंने सभी को एकजुट होकर सरकार की योजनाओं को घर-घर पहुंचाने के निर्देश दिए.पहले दिन की बैठक के बाद स्मृति ईरानी सीएम विष्णुदेव साय और सांसद बृजमोहन अग्रवाल के साथ अभनपुर में मन की बात कार्यक्रम में शामिल हुईं थीं.


















