साल 2026 का दूसरा और अंतिम सूर्य ग्रहण 12 अगस्त को सावन अमावस्या के दिन लगने जा रहा है। सूर्य ग्रहण हमेशा अमावस्या तिथि पर ही होता है, जब सूर्य, चंद्रमा और पृथ्वी लगभग एक सीध में आ जाते हैं और चंद्रमा सूर्य के प्रकाश को आंशिक या पूर्ण रूप से ढक लेता है।
खगोलीय वैज्ञानिकों के अनुसार, यह सूर्य ग्रहण दुनिया के कुछ हिस्सों में दिखाई देगा, लेकिन भारत में इसकी दृश्यता नहीं होगी। इसकी वजह पृथ्वी, चंद्रमा और सूर्य की स्थिति है। ग्रहण केवल उन्हीं क्षेत्रों में दिखाई देता है जहां उस समय सूर्य क्षितिज के ऊपर मौजूद होता है और चंद्रमा की छाया पृथ्वी के उस हिस्से पर पड़ती है। 12 अगस्त को ग्रहण के समय भारत उस क्षेत्र में नहीं होगा जहां चंद्रमा की छाया पहुंचेगी, इसलिए यहां के लोग इस खगोलीय घटना को प्रत्यक्ष रूप से नहीं देख सकेंगे।
12 अगस्त को सूर्य ग्रहण के समय क्या होगा:
लंदन के टाइम के अनुसार, 12 अगस्त को शाम 6:17 बजे सूर्य ग्रहण का पहला संपर्क होगा। यूके और आयरलैंड के दूसरे हिस्सों में समय थोड़ा अलग हो सकता है। यह वह समय होगा जब चंद्रमा सबसे पहले सूर्य के बाहरी एक हिस्से को ढकेगा। फिर चंद्रमा धीरे-धीरे सूर्य के सामने तब तक बढ़ेगा जब तक कि सूर्य का लगभग 90 प्रतिशत हिस्सा ढक नहीं जाता है। इस दौरान ग्रहण अपने चरम पर होगा। लंदन में ग्रहण अपने चरम पर शाम 7:12 बजे होगा।
जिस दौरान ग्रहण अपने अधिकतम यानी चरम पर होगा उस समय सूर्य का ज्यादातर हिस्सा ढक जाएगा। इससे तापमान में गिरावट और रोशनी में फर्क महसूस होगा। हालांकि इस समय आसमान पूरी तरह काला नहीं होगा, बल्कि ऐसा महसूस होगा जैसा सुबह या शाम के समय बादल छाए रहते हैं। ग्रहण के चरम पर होने के बाद चंद्रमा धीरे-धीरे सूर्य के सामने से हटने लगेगा और फिर कुछ समय बाद ग्रहण समाप्त होगा। लंदन में ग्रहण रात 08 बजकर 06 मिनट पर खत्म होगा।
कहां दिन में छाएंगे बादल और गिरेगा तापमान:
12 अगस्त को लगने वाला सूर्य ग्रहण ग्रीनलैंड, आसलैंड में साफ तौर पर देखा जा सकेगा। इसके अलावा उत्तरी स्पेन में भी इस ग्रहण की दृश्यता बिल्कुल स्पष्ट होगी। वैज्ञानिकों के अनुसार, इन जगहों पर चंद्रमा की छाया सबसे ज्यादा काली रहेगी और सूर्य का अधिकतम हिस्सा ढका हुआ रहेगा। इन जगहों पर चंद्रमा पूरी तरह से सूर्य के सामने आ जाएगा, जिससे दिन में रात महसूस होगी। दिन में ही बादल छाने के कारण तापमान में भी गिरावट देखने को मिलेगी।
सूर्य ग्रहण कब होता है:
जब चंद्रमा, सूर्य और पृथ्वी के बीच आ जाता है, जिससे सूर्य का रोशनी कुछ समय के लिए ढक जाती है। इस खगोलीय घटना को सूर्य ग्रहण कहा जाता है।
भारत में सूर्य ग्रहण क्यों नहीं आएगा नजर:
भारतीय समयानुसार 12 अगस्त 2026 को लगने वाला सूर्य ग्रहण रात 09:04 बजे से शुरू होगा और 13 अगस्त की सुबह 04:25 बजे समाप्त होगा। इस ग्रहण की दृश्यता भारत में नहीं होगा क्योंकि यहां रात होगी और सूर्य क्षितिज से नीचे रहेगा।


















