रायपुर। प्रदेश में पुलिस अधीक्षकों (एसपी) के तबादलों के बाद अब अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (एएसपी) और पुलिस उपाधीक्षक (डीएसपी) स्तर पर भी बड़े पैमाने पर प्रशासनिक फेरबदल की तैयारी की चर्चा तेज हो गई है। हालांकि अभी तक इस संबंध में कोई आधिकारिक आदेश जारी नहीं हुआ है, लेकिन विभागीय स्तर पर तबादलों की संभावनाओं को लेकर पुलिस महकमे में कानाफूसी शुरू हो गई है।
सूत्रों के अनुसार, प्रस्तावित तबादले गृह विभाग की प्रक्रिया के तहत विभागीय मंत्री विजय शर्मा के अनुमोदन और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के समन्वय से किए जा सकते हैं। विशेष रूप से तीन वर्ष का कार्यकाल पूरा होने से पहले स्थानांतरण की संभावनाओं को लेकर कई अधिकारियों में असमंजस की स्थिति बनी हुई है।
गौरतलब है कि 10 जुलाई 2026 को राज्य सरकार ने 24 आईपीएस अधिकारियों का तबादला करते हुए नई पदस्थापनाएं की थीं। प्रदर्शन और प्रशासनिक आवश्यकताओं के आधार पर किए गए इन तबादलों में अधिकारियों को 24 घंटे के भीतर कार्यमुक्त भी कर दिया गया था। इससे पहले पुलिस स्थापना बोर्ड की अनुशंसा पर बड़ी संख्या में पुलिस निरीक्षकों (टीआई) के भी तबादले किए जा चुके हैं।
इसी क्रम में अब एएसपी और डीएसपी स्तर पर भी तबादलों की तैयारी की चर्चा है। विभागीय सूत्रों के मुताबिक, संभावित सूची को लेकर उच्च स्तर पर मंथन चल रहा है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
इस बीच दुर्ग और बिलासपुर में पुलिस अधीक्षक के पद पर डीआईजी स्तर के अधिकारियों की नियुक्ति को लेकर भी विभाग के भीतर अलग-अलग तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। कुछ अधिकारियों के बीच इस व्यवस्था को लेकर असंतोष की चर्चा है।
वहीं, दो वर्ष से कम अवधि से वर्तमान पदस्थापना पर कार्यरत एएसपी और डीएसपी अधिकारियों में संभावित तबादलों को लेकर सबसे अधिक चिंता बताई जा रही है। उनका कहना है कि सामान्यतः तीन वर्ष का कार्यकाल पूरा होने के बाद ही स्थानांतरण किया जाता है, लेकिन इस बार समय से पहले तबादलों की संभावना की चर्चा लगातार हो रही है।


















