शिलांग। मेघालय सरकार पर्यटन के क्षेत्र में एक नया और बड़ा प्रयोग करने जा रही है। राज्य सरकार जल्द ही एक अग्रणी ‘क्रिसमस टूरिज्म पॉलिसी’ (Christmas Tourism Policy) तैयार कर रही है। इसका मुख्य उद्देश्य क्रिसमस और नए साल के दौरान राज्य में होने वाले स्वदेशी उत्सवों को एक वैश्विक पहचान दिलाना और इसे व्यवस्थित रूप से पर्यटन से जोड़ना है। (Christmas Tourism Policy Meghalaya)
पर्यटन मंत्री तिमोथी डी. शिरा ने शनिवार को जानकारी देते हुए बताया कि पिछली बार क्रिसमस के दौरान पर्यटकों की भारी भीड़ उमड़ी थी, जिसे देखते हुए अब एक स्ट्रक्चर्ड अप्रोच के साथ नीति बनाई जा रही है। उन्होंने कहा कि सरकार साल 2026 में पर्यटकों की संख्या में और भी बड़े उछाल की उम्मीद कर रही है, क्योंकि कई महत्वपूर्ण पर्यटन परियोजनाएं अब पूर्ण होने के करीब हैं। (Christmas Tourism Policy Meghalaya)
गारो हिल्स की बदलेगी तस्वीर (Christmas Tourism Policy Meghalaya)
इस नई नीति के तहत सरकार का विशेष ध्यान गारो हिल्स (Garo Hills) पर है। मंत्री ने स्वीकार किया कि खराब कनेक्टिविटी के कारण पहले पर्यटक यहां पहुंचने से कतराते थे, लेकिन अब बुनियादी ढांचे में सुधार के बाद यह क्षेत्र तेजी से पर्यटकों की पसंद बन रहा है।
होमस्टे के लिए मिलेगा आसान लोन (Christmas Tourism Policy Meghalaya)
पर्यटकों को ठहराने की व्यवस्था दुरुस्त करने के लिए सरकार स्थानीय लोगों को होमस्टे बनाने के लिए प्रोत्साहित कर रही है। इसके लिए आसान शर्तों पर ऋण (Loan) उपलब्ध कराया जाएगा। इससे न केवल पर्यटन बढ़ेगा, बल्कि स्थानीय युवाओं के लिए स्वरोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।
Christmas Tourism Policy Meghalaya की खास बातें
• विशिष्ट नीति: क्रिसमस उत्सव को वैश्विक ब्रांड बनाने के लिए ‘क्रिसमस टूरिज्म पॉलिसी’ लाने वाला मेघालय देश के अग्रणी राज्यों में शामिल होगा।
• कनेक्टिविटी पर जोर: गारो हिल्स में सड़कों के जाल और संचार सुविधाओं को दुरुस्त करने को प्राथमिकता दी जा रही है।
• आर्थिक लाभ: पर्यटन का लाभ केवल मुख्य शहरों तक सीमित न रहकर दूरदराज के इलाकों तक पहुंचाने की योजना।
• लक्ष्य 2026: बुनियादी ढांचा तैयार होने के बाद 2026 में रिकॉर्ड पर्यटकों के आने का अनुमान।



















