श्रीनगर का लाल चौक जो कभी कश्मीर विरोधी आंदोलनों और पत्थरबाजों की जद में था, वहां अब नए साल का जश्न मनाया गया है. इतिहास में संभवत: यह पहली बार होगा जब लाल चौक पर नए साल का जश्न मनाया गया हो. नए साल की जश्न के दौरान लाल चौक के ऐतिहासिक क्लॉक टावर यानी घंटाघर पर लोगों को बॉलीवुड गानों की धुन पर गाते और नाचते देखा गया. नए साल के जश्न में हिस्सा लेने के लिए सैकड़ों लोगों की घंटाघर पर आमद हुई.
उधर, रविवार को उत्तरी कश्मीर में बर्फ से ढका गुलमर्ग सर्दियों की धूप में जगमगा उठा, शहर 2024 आने के उत्साह से भर गया. भव्य नववर्ष समारोह की शुरुआत सुबह से ही हो गई. गुलमर्ग में दिनभर लोगों का जमावड़ा देखने को मिला. म्यूजिकल इवेंट्स भी हुए. पर्यटक झूमते दिखाई दिए.

















