भारतीय शेयर बाजार एक कठिन और अस्थिर दौर से गुजर रहा है. मुख्य इंडेक्स, बीएसई सेंसेक्स, पिछले 52 हफ्तों के अपने हाईयेस्ट लेवल से अभी भी लगभग 10% नीचे है, जो बाजार में कमजोरी को दिखाता है. व्यापक बाजार में स्थिति और भी अधिक स्पष्ट है, जहां लगभग 40 लार्ज-कैप स्टॉक में 52 वीक हाई लेवल से 20% से अधिक की गिरावट आई है. हमने इस ख़बर में उन 5 कंपनियों को शामिल किया है, जो अपने 52 वीक हाई लेवल से 30% से 50% नीचे ट्रेड कर रहे हैं. इस विश्लेषण के लिए इस्तेमाल किया गया डेटा ACE इक्विटी से लिया गया है.
Swiggy
स्विगी के स्टॉक में 46% की गिरावट आई है, जो इसके 52 वीक हाई लेवल 473 रुपये से गिरकर 256 रुपये पर आ गया है. 473 रुपये का यह हाईयेस्ट लेवल 19 सितंबर, 2025 को पहुंचा था. पिछले 6 महीने में यह स्टॉक 38 प्रतिशत से ज़्यादा गिर चुका है.
Lodha Developers
लोढ़ा डेवलपर्स के स्टॉक में 39% की गिरावट आई है, जो इसके 52 वीक हाई लेवल 1510 रुपये से गिरकर 923 रुपये पर आ गया है. 923 रुपये का यह हाईयेस्ट लेवल 24 जून, 2025 को पहुंचा था. पिछले 6 महीने में यह स्टॉक 15 प्रतिशत से ज़्यादा गिर चुका है.
Tata Consultancy Services
टीसीएस के स्टॉक में 37% की गिरावट आई है, जो इसके 52 वीक हाई लेवल 3490 रुपये से गिरकर 2204 रुपये पर आ गया है. 3490 रुपये का यह हाईयेस्ट लेवल 2 जुलाई, 2025 को पहुंचा था. पिछले 6 महीने में यह स्टॉक 35 प्रतिशत तक गिर चुका है.
Infosys
इंफोसिस के स्टॉक की कीमत में 35% की गिरावट आई है और यह अपने 52 वीक हाई लेवल 1,728 रुपये से गिरकर 1,127 रुपये पर आ गया है. यह हाई लेवल स्टॉक ने 3 फरवरी, 2026 को टच किया था. पिछले 6 महीने में यह स्टॉक 35 प्रतिशत से ज़्यादा गिर चुका है.
HCL Technologies
एचसीएल टेक्नोलॉजीज के स्टॉक में 34% की गिरावट आई है, जो इसके 52 वीक हाई लेवल 1770 रुपये से गिरकर 1162 रुपये पर आ गया है. 1770 रुपये का यह हाईयेस्ट लेवल 3 फरवरी, 2026 को पहुंचा था. पिछले 6 महीने में यह स्टॉक 30 प्रतिशत से ज़्यादा गिर चुका है.



















